यूटा प्रांतीय अध्यक्ष राजेन्द्र सिंह राठौर के आवाहन पर दिल्ली कूच करेंगे शिक्षक

सिद्धार्थनगर। यूनाइटेड टीचर्स एसोसिएशन यूटा जनपद सिद्धार्थनगर ने खुनियांव ब्लॉक के गैसडा कुटी चौराहे पर आकस्मिक बैठक कर कर शिक्षक समस्याओं पर विचार विमर्श किया। बैठक की अध्यक्षता यूटा जिलाध्यक्ष अभय कुमार पांडे तथा कार्यक्रम का संचालन यूटा जिला महामंत्री प्रकाश नाथ त्रिपाठी ने किया। बैठक में माननीय सर्वाेच्च न्यायालय द्वारा टेट परीक्षा की अनिवार्यता, ऑनलाइन उपस्थिति, शिक्षामित्र/अनुदेशक साथियों का सम्मानजनक मानदेय, जनपद में चयन वेतनमान में देरी , पदोन्नति ,नित नए नए विभिन्न प्रकार के ऐप का थोपना आदि कई मुद्दों पर गंभीरता पूर्वक विचार विमर्श हुआ। जिलाध्यक्ष अभय कुमार पांडेय ने बैठक को संबोधित करते हुए बताया कि टेट के विरोध में यूटा के प्रांतीय अध्यक्ष राजेन्द्र सिंह राठौर के कुशल नेतृत्व एवं अखिल भारतीय शिक्षक संघर्ष मोर्चा द्वारा आहूत दिल्ली के जंतर मंतर पर धरने में 24नवंबर 2025 को पहुंचने के लिए सभी का समर्थन मांगा। जिला महामंत्री यूटा प्रकाश नाथ त्रिपाठी ने बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार शिक्षकों की समस्याओं को नजरअंदाज करके ऑनलाइन उपस्थिति के लिए दबाव बना रही है जिसे यूटा बर्दाश्त नहीं करेगा , हमें ऑनलाइन उपस्थिति से कोई गुरेज नहीं है लेकिन हमें भी राज्य कर्मचारी की भांति सुविधाएं मुहैया कराई जाए। यूटा के पदाधिकारी अजय सिंह पटेल ने भी ऑनलाइन उपस्थिति पर अपना विचार रखा कि सरकार हमारी उचित मांगो का निराकरण करें हम ऑनलाइन उपस्थिति के विरोध में नहीं रहेंगे। जिला प्रवक्ता यूटा आनंद मिश्र ने कहा कि शिक्षामित्रों और अनुदेशकों का मानदेय इस भीषण महंगाई में बहुत ही अल्प मानदेय में गुजारा करते हैं सरकार को अपने नैतिकता और मानवीय संवेदना के आधार पर एक सम्मानजनक मानदेय उन्हें देना चाहिए जिससे उनका परिवार भी सम्मान और स्वाभिमान से रह सके। ब्लॉक अध्यक्ष यूटा खुनियांव कुलदीप भार्गव ने कहा कि चयन वेतनमान का लाभ समय से मिलना चाहिए जिससे शिक्षक भय और तनाव मुक्त होकर अपने दायित्व का निर्वहन कर सके। यूटा के तेजतर्रार निर्भीक पदाधिकारी मुकेश कुमार ने कहा कि विद्यालयों में नित नए नए ऐप जो आ रहे हैं शिक्षक तनावग्रस्त है उससे बच्चों को पूरा समय नहीं मिल पा रहा है सरकार को चाहिए कि प्रत्येक स्कूल में एक तकनीकी शिक्षक की नियुक्ति करें जिससे शिक्षक स्वतंत्र होकर भयमुक्त वातावरण में अपने दायित्व का निर्वहन कर सके। यूटा के पदाधिकारी जाफर अली ने पदोन्नति पर अपना विचार रखा और कहा कि सरकार पदोन्नति के मामले में गंभीर नहीं है, पदोन्नति जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर सरकार को जल्द से जल्द पूर्ण करना चाहिए। कार्यक्रम में उपस्थित शिक्षक बिपिन कुमार त्रिपाठी, राकेश कुमार, अवधेश यादव, डॉ राकेश त्रिपाठी, रामदास, सहदेव, ओपी द्विवेदी, विकास चौरसिया, नागेंद्र सिंह, रत्नेश कुमार श्रीवास्तव, अजय चौधरी, जाफर अली, मुकेश कुमार, नितेश कुमार, विभूति यादव, अनिल सिंह, अभिषेक मिश्र, रवि नाथ त्रिपाठी, जय प्रकाश आदि रहे।




