स्प्रिंकलर सिंचाई से बचेगा पानी, किसानों को मिलेगा अनुदान

दैनिक बुद्ध का संदेश
सिद्धार्थनगर। उद्यान विभाग द्वारा संचालित बागवानी फसलों की सूक्ष्म सिंचाई योजना (पर ड्रॉप मोर क्रॉप) के तहत किसानों को जल संरक्षण और लागत कम करने के उद्देश्य से ड्रिप एवं स्प्रिंकलर सिंचाई प्रणाली अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। वित्तीय वर्ष 2026-27 में जनपद के लिए 2000 हेक्टेयर क्षेत्र में सूक्ष्म सिंचाई का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। योजना के अंतर्गत किसानों को 65 से 90 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाएगा। विभाग ने ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। जिला उद्यान अधिकारी ने बताया कि ड्रिप और स्प्रिंकलर सिंचाई तकनीक से 70 प्रतिशत तक पानी की बचत होती है तथा फसलों की उत्पादकता में भी वृद्धि होती है। ड्रिप प्रणाली में पौधों की जड़ों तक सीधे पानी पहुंचता है, जबकि स्प्रिंकलर प्रणाली फव्वारे के रूप में सिंचाई करती है। इससे मिट्टी का कटाव और उपजाऊ शक्ति का नुकसान भी कम होता है। योजना के तहत ड्रिप, मिनी स्प्रिंकलर और माइक्रो स्प्रिंकलर सिस्टम लगाने पर लघु एवं सीमांत किसानों को 90 प्रतिशत तथा अन्य किसानों को 75 प्रतिशत तक अनुदान प्रदान किया जाएगा। विभाग ने अधिक से अधिक किसानों से योजना का लाभ उठाने की अपील की है।




