कांग्रेसियों ने मणिकर्णिका घाट को ध्वस्त करा दिये जाने के विरोध में राज्यपाल को सम्बोधित ज्ञापन नायब तहसीलदार को सौंपा

दैनिक बुद्ध का संदेश
डुमरियागंज/सिद्धार्थनगर। भाजपा सरकार द्वारा विगत 10 जनवरी 2026 को वाराणसी के ऐतिहासिक मणिकर्णिका घाट को अचानक ध्वस्त करा दिये जाने के विरोध में जिला कांग्रेस कमेटी के तत्वावधान में सोमवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने महामहिम राज्यपाल को सम्बोधित ज्ञापन डुमरियागंज तहसील में नायब तहसीलदार विष्णु प्रताप सिंह को सौंपा। जिसमें उनसे इस लापरवाही की पूरी जांच कराकर दोषी व्यक्तियों के विरुद्ध कार्यवाही की मांग एवं मणिकर्णिका घाट का पुनर्निर्माण, माता अहिल्याबाई होलकर जी की मूर्ति स्थापना एवं घाटों के सौन्दर्यीकरण का कार्य काशी के सम्मानित धर्माचार्यों एवं काशीवासियों के साथ विचार-विमर्श के उपरान्त ही कराया जायें। इस अवसर पर कांग्रेस उपाध्यक्ष अशोक गुप्ता एवं कोषाध्यक्ष रियाज मनिहार ने कहा कि मणिकर्णिका घाट का जीर्णाेद्धार वर्ष 1791 में माता अहिल्याबाई होलकर जी द्वारा करवाया गया था। यहां पर स्थापित माता अहिल्याबाई होलकर जी की पवित्र और ऐतिहासिक मूर्तियां भी ध्वस्तीकरण के पश्चात मणिकर्णिका घाट के मलबे में दबी पड़ी है। हम सभी कांग्रेस जन इस शर्मनाक और अप्रतिष्ठित कार्य की कड़े शब्दों में निन्दा करते हैं। इस अवसर पर जिला महासचिव आसिफ रिजवी, सचिव अर्जुन कन्नौजिया, राजेश कुमार, तुलसीराम यादव, रमेश चन्द्र, भल्लू, सन्तराम गौतम आदि उपस्थित रहें।




