विभिन्न मांगो के साथ शिक्षा मित्र संघ ने बी.एस.ए. को सौंपा ज्ञापन

सिद्धार्थनगर। उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षा मित्र संघ के आह्वान पर शुक्रवार को जनपद के भी शिक्षा मित्रों ने काला दिवस मनाया। जिला मुख्यालय के बुद्धा पार्क में आयोजित बैठक में जिलाध्यक्ष इंद्रजीत यादव ने कहा कि 25 जुलाई 2017 को सर्वाेच्च न्यायालय की ओर से आए निर्णय की जानकारी के बाद भारी संख्या में शिक्षा मित्र साथी छोड़कर इस दुनिया से चले गए। इसके बाद से कार्यरत शिक्षा मित्र भी अवसाद में जी रहे हैं। बैठक के बाद मुख्यमंत्री के नाम संबोधित सात बिंदुओं का ज्ञापन बीएसए शैलश कुमार को सौंपा गया। शुक्रवार को आयोजित प्राथमिक शिक्षा मित्र संघ की बैठक में जिलाध्यक्ष इंद्रजीत यादव ने कहा कि शिक्षा मित्र विगत 25 वर्षाे से शिक्षण कार्य कर रहे हैं। शिक्षा मित्र स्नातक, बीटीसी उत्तीर्ण हैं। मंहगाई के इस दौर में शिक्षा मित्रों को मात्र 10 हजार रूपये 11 माह ही मानदेय मिल रहा है। जिससे परिवार का पालन पोषण नहीं हो पा रहा है। जिस कारण आर्थिक एवं मानसिक रूप से परेशान होकर आत्महत्या जैसे प्राणघातक कदम उठा रहे हैं। एक कमेटी का गठन 14 नवम्बर 2023 में किया गया था, उक्त कमेटी ने कई बैठक करने के उपरान्त अपना प्रस्ताव शासन को भेजा था। अब तक कुछ नहीं हुआ। जिला मंत्री यशवंत सिंह ने कहा कि शासन में कमेटी द्वारा भेजे गये प्रस्ताव को शीघ्र लागू किया जाय, जिससे शिक्षा मित्रों के समस्याओं का समाधान हो सके। जिला संरक्षक श्याम नारायन पांडेय ने कहा कि वर्तमान में मंहगाई को देखते हुए अन्य राज्य राजस्थान, उत्तराखण्ड, हरियाणा, बिहार में मित्रों के मानदेय वृद्धि किया जाये। टेट और सीटेट उत्तीर्ण शिक्षा मित्रों को समायोजित किया जाये। नॉन टेट शिक्षा मित्रों को विभाग द्वारा विशेष प्रशिक्षण देकर विभागीय टेट परीक्षा का आयोजन करवाया जाये। महिला शिक्षा मित्रों को विवाहोपरान्त उनकी ससुराल के जनपद में समायोजित किया जाये। शिक्षा मित्रों को ईपीएफ योजना में शामिल करें। जिला उपाध्यक्ष धर्मेन्द्र कुमार त्रिपाठी ने कहा कि शिक्षा मित्रों को आयुष्मान योजना में शामिल क हुए मेडिकल सुविधा प्रदान की जाये। मृतक शिक्षा मित्रों के परिवार को आर्थिक सहायता देते हुए परिवार के एक सदस्य को समायोजित किया जाये। अंत में बीएसए को सीएम के नाम संबोधित ज्ञापन सौंपा गया। इस अवसर पर अखिलेश त्रिपाठी, मनोहर यादव, उपेंद्र सिंह, राम प्रकाश, राजाराम, घनश्याम पांडेय, अवनीश पांडेय, संदीप कुमार श्रीवास्तव, राम आसरे मौर्य, हेमंत कुमार यादव, सर्वेन्द्र मणि त्रिपाठी, शीला देवी, गोविंद नाथ सहित तमाम शिक्षा मित्र मौजूद रहे।




