सनातन उद्घोष कथा महोत्सव का भव्य समापन, श्रीराम के राज्याभिषेक पर उमड़ा श्रद्धा का सागर

दैनिक बुद्ध का संदेश
डुमरियागंज सिद्धार्थनगर। नगर पंचायत बढ़नी चाफा के बरघाट स्थित श्री दुर्गा मंदिर परिसर में कर्मयोगी परिवार के तत्वावधान में श्री आदि शक्ति मां दुर्गा की प्राण-प्रतिष्ठा के पावन अवसर पर आयोजित श्री रुद्र महायज्ञ एवं सवा पाँच लाख पार्थिव शिवलिंग पूजन के अंतर्गत चल रहा सनातन उद्घोष कथा महोत्सव शनिवार की रात भव्यता के साथ संपन्न हुआ।महोत्सव के सातवें एवं अंतिम दिन भगवान श्रीराम के राज्याभिषेक का दिव्य एवं भव्य आयोजन श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। वैदिक मंत्रोच्चार, शंखनाद और जयघोष के बीच जैसे ही भगवान श्रीराम का राज्याभिषेक संपन्न हुआ, पूरा परिसर भक्तिरस में सराबोर हो गया। श्रद्धालुओं ने फूलों की पंखुड़ियों से होली खेलते हुए इस पावन क्षण को उत्सव के रूप में मनाया और जय श्रीराम के गगनभेदी नारों से वातावरण को भक्तिमय बना दिया।कथा के दौरान रावण वध प्रसंग का वर्णन करते हुए साध्वी सरस्वती ने कहा कि त्रेता युग में रावण का अंत हुआ, लेकिन आज भी समाज में रावण विभिन्न रूपों में मौजूद है। उन्होंने अपने उद्बोधन के माध्यम से सामाजिक जागरूकता, आत्मबल और राष्ट्र के प्रति सजगता का संदेश देते हुए कहा कि प्रत्येक स्त्री और पुरुष को अपने भीतर भगवान श्रीराम की शक्ति को जागृत करना होगा, तभी समाज की अस्मिता और मूल्यों की रक्षा संभव है। उन्होंने देश की एकता, अखंडता और सशक्त भारत की अवधारणा पर भी अपने विचार रखे।पूर्व विधायक राघवेन्द्र प्रताप सिंह ने चेयरमैन धर्मराज वर्मा सहित कर्मयोगी परिवार और सभी सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार के धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजन समाज में संस्कार, एकता और आध्यात्मिक चेतना को सुदृढ़ करने का कार्य करते हैं। इस दौरान भारी संख्या में लोग मौजूद रहे।




