एस आई आर प्रक्रिया से दोहरी नागरिकता वाले असमंजस में,

बलरामपुर। नेपाल सीमा से सटे पचपेड़वा विकास खंड के कई गावों में रोटी बेटी का रिश्ता दिखाकर दोहरी नागरिकता रखने वाले असमंजस में हैं और तहसील और विकासखंड का चक्कर लगा रहे हैं,इस बारे में पूर्व जिला पंचायत सदस्य मनोहर लाल ने बताया कि एस आई आर प्रक्रिया बहुत ही अच्छा है जो लोग दोहरी नागरिकता से नेपाल के कई लोग भारत में रहकर यहां का लाभ ले रहे थे एस आई आर चालू होने से असमंजस में है उनके लिए अब समस्या होगी।भारत और नेपाल के बीच ष्रोटी-बेटीष् संबंध दोनों देशों के बीच अद्वितीय और गहराई से जुड़े सांस्कृतिक, सामाजिक और आर्थिक बंधनों को दर्शाता है । इसमें व्यापार, वाणिज्य, रोज़गार, आजीविका,सीमा पार विवाह, साझा सांस्कृतिक विरासत और लोगों के बीच आपसी संबंध आदि शामिल हैं। इस प्रक्रिया से ऐसे लोगो की नागरिकता जायेगी।नेपाल दोहरी नागरिकता की अनुमति नहीं देता। यदि आपका आवेदन स्वीकृत हो जाता है, तो आपको भारतीय कानून के तहत औपचारिक रूप से अपनी भारतीय नागरिकता त्यागनी होगी। त्याग का एक हलफनामा या आधिकारिक प्रमाण पत्र आमतौर पर आवश्यक होता है।




