बेमौसम बरसात किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें भारी नुक्सान का अनुमान,, सोनभद्र

जनपद में लगातार पांच दिन से रूक रूक वारिस हो रही है जिससे किसानों की चिन्ताए बढ गयी बेमौसम बारिश नें किसानों को परेशान सा कर रखा है धान की फसल तैयार है किसी का कटाई करके लहनी खेत में पड़ा किसी का खलिहान में गजा पड़ा किसी का मड़ाई करने को है खेत में पानी चल रहा है किसी का हवा चलने से सारे जमीन पकड़ लिया है उस पर पानी चल रहा है किसान करे तो करे किसान चिंतित हैं अन्न ही किसान की मूल पूजी है उनके पास अन्य कोई श्रोत नहीं होता अक्सर किसान कोपरेटिव, बैंक आदि से कर्ज लेकर खेती करते हैं फसल तैयार कर कर्ज देते हैं परिवार का भरण पोषण भी करते हैं अक्टूबर नवम्बर में रबि की फसल की बुवाई भी प्रारम्भ करने है कुछ किसानों ने सरसो मटर की बुवाई कर दी थी उसको नष्ट होने की सम्भावना दिखाई दे रही है जिससे किसानों की चिंता स्वाभाविक है किसानों ने उपज कम होने फसल नष्ट होने की सम्भावना ब्यक्त की है इस प्राकृतिक आपदा से फसले नष्ट होने से किसानों को अपार पीड़ा का सामना करना पड़ रहा है किसानों ने शाशन प्रशासन से मुवावजा की मांग की है।




