रमवापुर दूबे में सरकारी पोखरे पर अवैध मछली पालन- पट्टा समाप्त होने के बाद भी मनबढ़ों का कब्जा, ग्रामीणों ने की कार्रवाई की मांग

बांसी/सिद्धार्थनगर। तहसील क्षेत्र के ग्राम पंचायत रमवापुर दूबे में प्राथमिक विद्यालय के पास स्थित सरकारी पोखरे पर कुछ मनबढ़ों द्वारा अवैध रूप से मछली पालन करने का मामला सामने आया है। ग्रामीणों के अनुसार उक्त पोखरे का पट्टा लगभग 8 से 10 माह पूर्व समाप्त हो चुका है, जिसके बाद से नया पट्टा जारी नहीं हुआ है। इसके बावजूद कुछ लोगों ने बिना अनुमति सरकारी पोखरे पर कब्जा जमाकर मछली पालन व मछली मारने का कार्य शुरू कर दिया है। ग्रामीणों ने बताया कि पट्टा समाप्त होने के बाद उन्होंने प्रशासन से कई बार शिकायत की, जिसके आधार पर जांच भी हुई, मगर अब तक किसी नये व्यक्ति को पट्टा नहीं दिया गया। इसके बावजूद अवैध रूप से मछली पालन किया जाना न केवल शासन के राजस्व को नुकसान पहुंचा रहा है, बल्कि सरकारी सम्पत्ति पर कब्जे जैसी स्थिति भी पैदा कर रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि सरकारी नियमों के मुताबिक बिना वैध पट्टे के कोई भी व्यक्ति सरकारी जलाशय या पोखरे में मत्स्य पालन नहीं कर सकता। बावजूद इसके कुछ लोगों द्वारा खुलेआम यह कार्य किया जा रहा है। इससे न सिर्फ सरकारी राजस्व का नुकसान हो रहा है, बल्कि ग्राम में विवाद की स्थिति भी उत्पन्न हो रही है। स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन और मत्स्य विभाग से मांग की है कि तत्काल इस मामले की जांच कर अवैध मछली पालन पर रोक लगाई जाये तथा सम्बन्धित व्यक्तियों के विरुद्ध विधिक कार्रवाई की जाये। साथ ही शासन के राजस्व हित को सुरक्षित रखते हए ताकि भविष्य में इस तरह की अवैध गतिविधियों पर रोक लग सकें। ग्रामीणों की मांग की है कि अवैध रूप से कब्जा जमाये लोगों के खिलाफ कार्रवाई हो। सरकारी पोखरे से मनबढ़ों को तत्काल हटाया जायें। ग्राम पंचायत स्तर पर निगरानी समिति बनाई जायें। इस सम्बन्ध में एसडीएम से बात करने पर उन्होंने बताया कि दिखलाते हैं, अगर मनबढ़ लोगों के कब्जा हुआ तो कार्रवाई की जायेगी।




