सांसद ने गोरखपुर-सिद्धार्थनगर-गोण्डा रेल मार्ग पर वंदे भारत, अमृत भारत और नामो भारत ट्रेनों की मांग की

सिद्धार्थनगर। पूर्वांचल के लाखों यात्रियों की वर्षों पुरानी मांग को लेकर सोमवार को लोकसभा में एक महत्वपूर्ण मुद्दा उठाया गया। सांसद जगदम्बिका पाल ने 377 नोटिस के माध्यम से गोरखपुर-आनन्द नगर-सिद्धार्थनगर-बढ़नी-बलरामपुर-गोण्डा रेल मार्ग पर यात्री सुविधाओं की भारी कमी की ओर सरकार का ध्यान आकर्षित किया। श्री पाल ने कहा कि यह रेल मार्ग गोरखपुर, सिद्धार्थनगर, बलरामपुर, गोण्ड, बहराइच और महाराजगंज जैसे जिलों के करोड़ों लोगों के लिए जीवन रेखा के समान है। बावजूद इसके, इस मार्ग पर तेज़गति और आधुनिक ट्रेनों की अत्यधिक कमी है, जिससे स्थानीय नागरिकों को शिक्षा, स्वास्थ्य, व्यापार और रोज़गार जैसे क्षेत्रों में परेशानी उठानी पड़ रही है। उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि आने वाले वर्षों में प्रस्तावित 100 अमृत भारत, 50 नामो भारत और 200 वंदे भारत ट्रेनों में से कुछ ट्रेनों को इस क्षेत्र की सेवा में प्राथमिकता से चलाया जायें। सांसद ने रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव द्वारा घोषित इस भविष्यगामी रेल योजना का स्वागत किया और कहा कि माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में रेल सेवाओं का विस्तार अब गांव और सीमावर्ती क्षेत्रों तक पहुंच रहा है। ऐसे में पूर्वांचल जैसे रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण और जनसंख्या घनत्व वाले क्षेत्रों को आधुनिक रेल सुविधाओं से वंचित नहीं रहना चाहिए।




