समरसता भोज सनातन समाज के एकता का है माध्यम: राजू श्रीवास्तव

भंवापुर। समरसता भोज सनातन समाज के एकता का माध्यम है,यह कार्यक्रम सभी को सूत्र में पिरोने का काम करता है।इसलिए सहभोज समाज में जाति-पाति की भावना को दूर करते हैं। उक्त बातें मित्र संघ के संस्थापक राष्ट्रीय अध्यक्ष राजू श्रीवास्तव ने मित्र संघ की स्थापना दिवस के अवसर पर मन्नीजोत चौराहे पर आयोजित खिचड़ी सहभोज के दौरान कही।मन्नीजोत चौराहे पर आयोजित समरसता तहरी भोज समारोह को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे।उन्होंने कहा कि राजनैतिक लाभ के चलते जातियों को तोड़ने एवं बांटने की साजिश चल रही हैं। राजू श्रीवास्तव ने कहा कि मित्र संघ की ओर से समाज के सभी वर्गों को एकजुट कर एक सशक्त राष्ट्र निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।इस दौरान, राम आशीष पाठक, राजेश द्विवेदी, अमरनाथ सिंह ,श्याम सुंदर अग्रहरि ,बिनय पाठक, रमेश पान्डेय, रामनिवास यादव, राम प्रकाश गौतम, मोनू वर्मा ,संजय मिश्र, महेश मिश्र, देवी मिश्र आदि मौजूद रहे।




