सीएचसी उतरौला में अव्यवस्थाओं की भरमार, उदासीन बने जिम्मेदार

उतरौला, बलरामपुर।सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में पूरी तरह अव्यवस्था फैली हुई है। तपती दोपहर और गर्मी में मरीजों को पीने तक का पानी भी मयस्सर नहीं है। बाहर बिक रहे सीलबंद पानी खरीदने की विवशता है। पानी की सप्लाई बाधित होने के चलते पैथालॉजी जांच भी प्रभावित हो रहा है क्योंकि स्लाइड्स साफ करने, सैंपल वाले इक्विपमेंट्स की सफाई करने की समस्या हो रही है। सबसे बड़ी समस्या अस्पताल परिसर में फैले दलालों से हो रही है जो मरीजों से जांच, एक्सरे और दवा खरीदने के लिए वसूली कर रहे हैं। अस्पताल में तैनात नियमित चौकीदार भी पूरी तरह वसूली के अवैध कृत्यों में लिप्त है। इस समय अस्पताल में औसतन छह से सात सौ मरीजों का हर दिन पंजीकरण होता है लेकिन स्त्री रोग, बाल रोग, ईएनटी जैसे विशेषज्ञ चिकित्सकों की नियुक्ति न होने से लोग निराश होकर लौट जाते हैं। जननी सुरक्षा के तहत मिलने वाला लाभ भी दस-दस महीनों से नहीं भेजा जा सका है। अस्पताल परिसर में स्थित प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र पर दवाओं की बिक्री इसलिए नहीं हो पा रही है क्योंकि अस्पताल के डॉक्टर कमीशन के लालच में मेडिकल स्टोर पर ही दवाएं खरीदने की सलाह मरीजों को देते हैं जबकि बाहर बिकने वाली दवाओं में से अस्सी फीसदी दवाएं जन औषधि केंद्र पर सत्तर फीसदी छूट पर मिलती हैं। इन अव्यवस्थाओं के बीच मरीजों को इलाज की विवशता है। सीएचसी अधीक्षक डॉक्टर चंद्र प्रकाश सिंह का कहना है कि मोटर जल जाने के कारण पानी की समस्या उत्पन्न हुई है। अस्पताल परिसर में बिचौलियों का प्रभाव कम कराने तथा चौकीदार के उद्दंड रवैये की शिकायत सीएमओ से कर दी गई है। सभी चिकित्सकों को निर्देश दिया जाएगा कि वे जन औषधि केंद्र पर ही दवाएं खरीदने की सलाह मरीजों को अनिवार्य रूप से दें। पैथालॉजी में कुछ किट्स न होने की बात बताई गई है, कमी को दूर कराया जाएगा। जेएसवाई के लाभार्थी लाभ क्यों नहीं पा रहे हैं इसकी जांच कराई जाएगी।




