ढेबरुआ थाना क्षेत्र में धड़ल्ले से हो रहा अवैध खनन

दैनिक बुद्ध का संदेश
बढ़नी/सिद्धार्थनगर। ढेबरुआ थाना क्षेत्र में अवैध मिट्टी और बालू खनन का कारोबार थमने का नाम नहीं ले रहा है। क्षेत्र के पिकौरा, मानपुर, तुलसियापुर, घोरही नदी और रामनगर मुहचुरवा नदी के आसपास खनन माफिया कथित रूप से जेसीबी और रीपर मशीनों के माध्यम से बड़े पैमाने पर मिट्टी का खनन कर रहे हैं। आरोप है कि इस कार्य में संबंधित विभागों के कुछ जिम्मेदारों की मिलीभगत से यह अवैध कारोबार लगातार फल-फूल रहा है। स्थानीय सूत्रों के अनुसार खनन माफिया दिन-रात मशीनों से बलुई मिट्टी निकालकर उसे क्षेत्र में संचालित ईंट भट्ठों तथा अवैध रूप से प्लाटिंग करने वाले भू-माफियाओं को ऊंचे दामों पर बेच रहे हैं। इससे सरकार को राजस्व का नुकसान हो रहा है, जबकि खनन में लगे लोग अवैध रूप से आर्थिक लाभ कमा रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि मिट्टी ढोने में लगी कई डंपर गाड़ियां बिना नंबर प्लेट के खुलेआम सड़कों पर दौड़ रही हैं और थाना क्षेत्र के सामने से गुजरती हैं, लेकिन इनके खिलाफ कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की जा रही है। लोगों का आरोप है कि यदि कोई आम व्यक्ति छोटे वाहन पर नियमों का उल्लंघन करता है तो तत्काल कार्रवाई होती है, लेकिन अवैध खनन में शामिल बड़े वाहनों पर कार्रवाई नहीं होने से प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों ने यह भी बताया कि जब खनन अधिकारी या राजस्व विभाग के जिम्मेदारों से सीयूजी या निजी नंबर पर संपर्क करने की कोशिश की जाती है, तो फोन रिसीव नहीं किया जाता और न ही खनन की अनुमति से संबंधित कोई स्पष्ट जानकारी दी जाती है। इससे क्षेत्र में अवैध खनन को लेकर संदेह और गहरा हो रहा है। क्षेत्रवासियों ने जिला प्रशासन और उत्तर प्रदेश सरकार से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर अवैध खनन में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि प्राकृतिक संसाधनों की लूट पर रोक लग सके और कानून का पालन सुनिश्चित हो सके।




