नेपाल समाचार पत्रों में हो रही सिविवि कुलपति की निन्दा

कपिलवस्तु/सिद्धार्थनगर। मित्र राष्ट्र नेपाल के लुम्बिनी स्थित लुम्बिनि बौद्ध विश्वविद्यालय में दो दिवसीय डिप्लोमेसी एण्ड बुद्धाज टीचिंग में सिद्धार्थ विश्वविद्यालय कपिलवस्तु की भागीदारी से जहां नेपाल के समाचार पत्रों में सिद्धार्थ विश्वविद्यालय के कुलपति के उद्बोधन की निन्दा हो रही है। भारत में रहे नेपाल के पूर्व राजदूत दीप कुमार उपाध्याय ने भी कुलपति के उद्बोधन को कहा कि कुलपति का वक्तव्य विवादास्पद रहा है। कुलपति के उद्बोधन से वहां उपस्थित प्रोफेसरों में सिर्फ सिद्धार्थ विश्वविद्यालय के शिक्षकों ने ही ताली बजाई, जबकि अन्य शिक्षक गण सिद्धार्थ विश्वविद्यालय के कुलपति के वक्तव्य से सहमत नहीं दिखे। विश्वविद्यालय की कमियों को छिपाने के उद्देश्य से भारतीय पत्रकारों को न तो सूचना दी जाती है, न ही इस तरह के कार्यक्रमों में कवरेज के लिए आमन्त्रित किया जाता है। जबकि इससे पूर्व में भी नेपाल के लुम्बिनी बौद्ध विश्वविद्यालय में आयोजित कान्फ्रेंस सफल रहा है, जिसमें भारतीय पत्रकारों को भी डेलीगेट्स टीम में शामिल किया गया था। विश्वविद्यालय अपनी कमियों को छिपाने के लिए पत्रकारों से बचने की पूरी कोशिश करते हुए सिर्फ व्हाट्सएप विज्ञप्ति से अपनी पॉजिटिव प्रेस नोट जारी करता है। ऐसे में नेपाल में छपे कई समाचार पत्रों में लुम्बिनी बौद्ध विश्वविद्यालय में आयोजित खबर को लेकर सिद्धार्थ विश्वविद्यालय के कुलपति की निन्दा हो रही है।




