जांच में बीईओ की वसूली साबित हुई, प्रशासनिक स्थानान्तरण की संस्तुति

सिद्धार्थनगर। प्राथमिक शिक्षक संघ बर्डपुर एवं भारतीय जनता पार्टी के जिला कोषाध्यक्ष ने खण्ड शिक्षा अधिकारी अरुण कुमार पर निरीक्षण के उपरान्त शिक्षकों से धनोपार्जन किये जाने की शिकायत की गई थी। शिकायत की जांच के दौरान धनोपार्जन का आरोप पुष्टित पाया गया। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शैलेश कुमार ने धनोपार्जन के पुष्टित पाये जाने पर खण्ड शिक्षा अधिकारी अरुण कुमार को जिला अधिकारी के अनुमोदन पर अन्यत्र प्रशासनिक स्थानान्तरण को नैसर्गिक न्याय के सिद्धान्त के दृष्टिगत अपनी जांच आख्या में उचित माना है। प्राथमिक शिक्षक संघ ब्लॉक इकाई बर्डपुर और भारतीय जनता पार्टी के जिला कोषाध्यक्ष ओम प्रकाश यादव ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी सहित शासन को भेजे गए पत्र में खण्ड शिक्षा अधिकारी अरुण कुमार पर शिक्षकों से निरीक्षण के उपरान्त धनोपार्जन की शिकायत की थी। उक्त शिकायती पत्रों पर शिक्षा निदेशक बेसिक ने 17 जनवरी 2025 को जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को भेजे गये पत्र में उक्त आरोपों की जांच कर 15 दिन में जांच आख्या उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया था। जांच प्रक्रिया शुरू ही नहीं की जा रही थी, तीन महीने गुजरने के बाद शिक्षक संगठन के दबाव में जब जांच प्रक्रिया शुरू हुई, तो जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने शिकायतकर्ता और आरोपित खण्ड शिक्षा अधिकारी से शपथ पत्र सहित अपना अभिकथन साक्ष्य सहित प्रस्तुत करने का निर्देश दिया। शिक्षक संघ ने खण्ड शिक्षा अधिकारी अरुण कुमार के उस पद पर वहां रहते हुए निष्पक्ष जांच पर सवाल उठाया था। संगठन का कहना था कि वह अपने पद का दुरुपयोग कर शिक्षकों को डरा धमका कर अपने पक्ष में लिखा सकते हैं। परन्तु संगठन के उक्त आरोप को नजरअंदाज किया गया और खण्ड शिक्षा अधिकारी अरुण कुमार ने दो दर्जन से अधिक अध्यापकों से अपने पक्ष में लिखवा लिया।



