पोषण भी, पढ़ाई भी” तीन दिवसीय प्रशिक्षण संपन्न – नौगढ़ व बर्डपुर ब्लॉक की आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों ने बढ़-चढ़कर लिया हिस्सा

सिद्धार्थनगर। बाल विकास परियोजना नौगढ़ और वर्डपुर के अंतर्गत “पोषण भी, पढ़ाई भी” अभियान को सशक्त बनाने के उद्देश्य से नौगढ़ ब्लॉक के सभागार में आयोजित तीन दिवसीय आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों का प्रशिक्षण शुक्रवार को सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में नौगढ़ और बर्डपुर ब्लॉक की आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रशिक्षण कार्यक्रम की अध्यक्षता बाल विकास परियोजना अधिकारी गौरी शंकर ने की। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र ग्रामीण समाज में पोषण, स्वास्थ्य और प्रारंभिक शिक्षा के सशक्त माध्यम के रूप में काम कर रहे हैं। आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को प्रमुख बिंदुओं कृ स्वास्थ्य, पोषण, शिक्षा, जागरूकता, सामुदायिक सहभागिता और संरक्षण कृ पर विशेष ध्यान देना चाहिए ताकि बच्चों के समग्र विकास का लक्ष्य प्राप्त किया जा सके। कार्यक्रम में बतौर प्रशिक्षक जोगिया सीडीपीओ गोपाल सिंह और बर्डपुर सीडीपीओ प्रदीप श्रीवास्तव मौजूद रहे। उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को प्रशिक्षण के विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से जानकारी दी और उन्हें यह बताया कि ग्राम स्तर पर योजनाओं को प्रभावी ढंग से कैसे लागू किया जाए। मानव संसाधन एवं महिला विकास संस्थान के ब्लॉक समन्वयक जयप्रकाश गुप्ता ने बाल संरक्षण और ग्राम पंचायत में गठित समितियों की भूमिका पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने बताया कि बच्चों की सुरक्षा और अधिकारों की रक्षा के लिए ग्राम स्तर पर बाल संरक्षण समितियों की सक्रियता आवश्यक है। कार्यकत्रियों को इन समितियों सचिव और सदस्य सचिव बनाया गया है, साथ समन्वय बनाकर काम करने की सलाह दी गई। वहीं पिरामल फाउंडेशन से सीनियर प्रोग्राम लीडर सत्येन्द्र सिंह ने स्वास्थ्य, पोषण और स्वच्छता पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि बच्चों के समुचित विकास के लिए स्वच्छ वातावरण और संतुलित पोषण की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। कार्यकत्रियों को हाथ धोने, साफ-सफाई, साफ पानी के उपयोग और पौष्टिक आहार के महत्व के बारे में बताते हुए व्यक्तिगत स्वच्छता पर बताया गया। प्रशिक्षण के दौरान कार्यकत्रियों को विभिन्न व्यवहारिक गतिविधियों के माध्यम से यह समझाया गया कि कैसे बच्चों को खेल-खेल में पढ़ाई और अच्छी आदतों की ओर प्रेरित किया जा सकता है। साथ ही, उन्हें सामुदायिक सहभागिता बढ़ाने और परिवारों को जागरूक करने के तरीके भी सिखाए गए। सीडीपीओ गौरी शंकर ने समापन सत्र में कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की भूमिका ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने सभी कार्यकत्रियों से अपेक्षा की कि वे प्रशिक्षण में सीखी गई बातों को अपने केंद्रों पर लागू करेंगी ताकि “पोषण भी, पढ़ाई भी” अभियान का लाभ प्रत्येक बच्चे तक पहुँच सके। प्रशिक्षण कार्यक्रम में बड़ी संख्या में कार्यकत्रियाँ उपस्थित रहीं। कार्यक्रम का संचालन ब्लॉक टीम के सुपरवाइजरों द्वारा किया गया। इस दौरान रॉकेट लर्निंग संस्था से जिला समन्वयक अमृता त्रिपाठी पीरामल स्वास्थ्य से सत्येन्द्र सिंह मानव संसाधन एवं महिला विकास संस्थान से जयप्रकाश गुप्ता, गोपाल सिंह, प्रदीप श्रीवास्तव, समस्त सुपरवाइज सहित दोनों ब्लाक की आंगनबाड़ी मौजूद रही।




