महिलाओं को अपनी सुरक्षा के प्रति होना होगा जागरूक: अजय कुमार चौधरी (रवि)

शोहरतगढ/सिद्धार्थनगर। आये दिन महिलाओं के साथ हो रहे उत्पीड़न के विषय में दुखी मन से रिटायर्ड शिक्षक रामपाल चौधरी जी के पुत्र समाजसेवी अजय कुमार चौधरी (रवि) ने प्रेस कन्फ्रेंस में कहा कि मन में एक विचार आया तो सोचा आप मीडियाकर्मियों से पूछ लूं। निर्भया केस के बाद कितने लोगों ने अपने बेटों को समझाया कि दूसरों से खासतौर, पर लड़कियों से कैसे बर्ताव करना चाहिए और कितने लोगों ने अपनी बेटियों, पत्नियों को बोला कि समाज के ऐसे मंदबुद्धि, निर्लज्ज इंसानों से कैसे अपनी आत्मरक्षा करें। वहीं जरूरत के हिसाब से कराटे, लाठी चलाना, बन्दूक चलाना सीखें। सही-सही बताइयेगा। क्योंकि कोई भी सरकार ऐसे निर्लज्ज इंसानों को नही सुधार सकती, और इसको ध्यान में रखते हुए हमें और आपको अपने गांव, शहर, ब्लाक और तहसील में ऐसी व्यवस्था बनानी होगी कि ज्यादा से ज्यादा लोग खासतौर पर महिलाएं अपनी आत्मरक्षा करना सीख सकें और ऐसे निर्लज्ज इंसानो को सबक सीखा सकें। आज के समय में ये सबसे बड़ी सच्चाई है कि कभी भी किसी को भी अकेले रहना पड़ सकता है, काम पर जाना पड़ सकता है। घर में अकेले रहना पड़ सकता है और कुछ दुष्ट लोग इसी का फायदा उठाने की कोशिश करते हैं, और उनको सबक उस समय आप (पीड़िता) ही सीखा सकती है। इसलिए मैं सरकार से मांग करता हूं कि कालेज में छात्राओं की आत्म सुरक्षा के लिए मार्शल आर्ट की जरूर शिक्षा दी जायें। यहां तक की प्राईमरी से उच्च शिक्षा तक कि पढ़ाई में महिलाओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए आत्म रक्षा की पढ़ाई के लिए प्रेरित करें।




