बाढ़ राहत के नाम पर किसानों की जमीन पर कब्जा

डुमरियागंज/सिद्धार्थनगर। तहसील क्षेत्र डुमरियागंज के ग्राम पंचायत खंता बेतनार में बाढ़ राहत कार्य के नाम पर किसानों की जमीन पर अतिक्रमण का मामला सामने आया है। यहां बाढ़ नियंत्रण के लिए नदी किनारे पत्थर और बोल्डर लगाने का काम चल रहा है। किसानों का आरोप है कि यह कार्य उनकी निजी जमीन पर किया जा रहा है। ग्राम पंचायत खंता बेतनार के किसान अपनी जमीन का वाजिब हक मांग रहे हैं। उन्होंने हाथ में कागज, नक्शा और प्रार्थना पत्र दिखाते हुए न्याय की गुहार लगाई है। किसानों ने चेतावनी दी है कि अगर जिला प्रशासन ने जल्द सुनवाई नहीं की, तो वे आन्दोलन करेंगे। इस मामले पर जिलाधिकारी डा0 राजा गणपति आर0 ने कहा कि यह मामला उनके संज्ञान में नहीं था। उन्होंने जांच कराने और उचित मुआवजा देने का आश्वासन दिया है। उन्होंने बताया ष्किसानों की जो जमीन जा रही है, उन्हें उचित मुआवजा दिलाया जायेगा।ष् बाढ़ राहत कार्य जरूरी है। लेकिन किसानों का कहना है कि जमीन पर काम करने से पहले उनकी सहमति और मुआवजा देना भी उतना ही आवश्यक है। अब देखना है कि प्रशासन इस विवाद को कैसे सुलझाता है। वहीं प्रभावित किसानों ने बताया कि उनकी न तो सहमति ली गई और न ही कोई मुआवजा दिया गया। एक किसान ने कहा, ष्हमारी जमीन पर पत्थर डाले जा रहे हैं। दस मंडी जमीन गई है। लेकिन न कोई नोटिस आया, न पैसा मिला।ष् स्थानीय लोगों के अनुसार कुछ प्रभावित किसानों को भुगतान मिला है। जबकि बड़ी संख्या में किसान आज भी मुआवजे से वंचित हैं। इससे किसानों में भेदभाव की शिकायत भी उठ रही है। वे जमीन की पैमाइश कराकर जांच की मांग कर रहे हैं।



