मदरसा शिक्षा माफियाओं पर योगी सरकार का बड़ा एक्शन, बलरामपुर में मदरसा लिपिक गिरफ्तार, मौलाना फरार

दैनिक बुद्ध का संदेश
बलरामपुर। उत्तर प्रदेश में मदरसा शिक्षा व्यवस्था में कथित अनियमितताओं के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए योगी सरकार के निर्देश पर बड़ी कार्रवाई सामने आई है। ताजा मामला राज्यानुदानित मदरसा जामिया अनवारुल उलूम, तुलसीपुर जनपद बलरामपुर से जुड़ा है, जहां फर्जी एवं कूटरचित शपथ पत्र के आधार पर मो० हसन रजा की कनिष्ठ सहायक पद पर नियुक्ति किए जाने के आरोप में थ्प्त् संख्या 257/2025 दर्ज की गई थी। एक नामजद अभियुक्त गिरफ्तार अन्य की तलाश जारी इस प्रकरण में नामजद अभियुक्त अजीज अहमद अंसारी (मदरसा लिपिक) को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। (अन्य की तलाश जारी है) गिरफ्तारी के बाद उसे न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया। सूत्रों के अनुसार, अजीज अहमद अंसारी काफी समय से फरार चल रहा था और लगातार पुलिस को चकमा दे रहा था। पुलिस की सक्रिय रणनीति और लगातार दबिश के बाद आखिरकार उसे गिरफ्तार कर लिया गया। कई जिलों में फैला नेटवर्क! जांच में यह भी सामने आया है कि कथित गिरोह का नेटवर्क प्रदेश के कई जिलों कृ कुशीनगर, महाराजगंज, संतकबीरनगर, बस्ती,देवरिया, सिद्धार्थनगर, गोंडा, बहराइच, अयोध्या, सुल्तानपुर, श्रावस्ती आदि कृ तक फैला हुआ बताया जा रहा है। आरोप है कि फर्जी दस्तावेजों के जरिए नौकरियां दिलाने, सोसाइटियों में हेरफेर करने और संगठित तरीके से मदरसा शिक्षा प्रणाली का दुरुपयोग करने का काम किया जा रहा था। गैंगस्टर एक्ट की तैयारी जनपद के पुलिस अधीक्षक विकास कुमार ने संकेत दिए हैं कि मामले में शामिल अन्य आरोपियों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी तथा आवश्यकता होने पर गैंगस्टर एक्ट के तहत भी कार्यवाही की जाएगी। बताते चले मदरसा शिक्षा माफिया अजीज अहमद अंसारी के विरुद्ध सरकारी धन करीब 65,80,370 रुपए छात्रवृत्ति घोटाले के आरोप में कोतवाली देहात बलरामपुर मुकदमा पंजीकृत है इसके साथ ही थाना तुलसीपुर में वित्तीय अनियमितता को लेकर एक और सहायक अध्यापक मो० अहमद अंसारी की फर्जी नियुक्ति व वेतन बिल प्रस्तुत कर सरकारी धन के गबन के माध्यम से क्षति पहुंचाई गई। इसके अलावा अजीज अहमद के विरुद्ध लगभग आधा दर्जन तहरीर विभिन्न थानों में दर्ज है।कार्यवाहक प्रधानाचार्य मो० हाशिम ने बताया कि मदरसा नियुक्ति,वेतन बिल व सोसाइटी से संबंधित समस्त अभिलेख अज़ीज़ अहमद के द्वारा तैयार किया जाता रहा है। चयन समिति पर कोई कार्यवाही नहीं, अफसरों की भूमिका संदिग्ध मो० हसन रजा व मो० अहमद अंसारी की फर्जी नियुक्तियों में शामिल ज़ाकिर खां, सिराज अहमद, मौलाना गुलाम मोहिउद्दीन, गौस मोहम्मद, शमीम मलिक, अहमदुल कादरी, साबिर अली अंसारी पर अभी तक कोई कार्यवाही सुनिश्चित नहीं की गई है। सरकार का साफ संदेश यह कार्रवाई स्पष्ट संकेत देती है कि मदरसा शिक्षा व्यवस्था में किसी भी प्रकार की फर्जीवाड़ा, भ्रष्टाचार या माफिया तंत्र को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जांच अभी जारी है और आने वाले दिनों में इस मामले में और बड़े खुलासे एवं शिक्षा माफिया अज़ीज़ अहमद के गिरोह में शामिल व्यक्तियों की गिरफ्तारियां संभव हैं।




