संसार मे कोई भी व्यक्ति और वस्तु धर्म निरपेक्ष नही है,सबका धर्म होता है- राजेश मिश्र

बस्ती। सनातन धर्म संस्था बस्ती द्वारा सेंट जोसेफ स्कूल में चल रहे 07 दिवसीय शारीरिक, बौद्धिक एवं चरित्र निर्माण शिविर के 5वें दिन कर्नल के सी मिश्र ने बताया कि उत्तम स्वास्थ्य व अच्छे चरित्र से ही उत्तम व्यक्तित्व का निर्माण होता है जिससे व्यक्ति स्वयं के साथ साथ परिवार, समाज व राष्ट्र की सेवा कर सकता है। सनातन धर्म संस्था संस्कृति रक्षा, शक्ति संचय, व सेवा भाव के उद्देश्य के साथ कार्य कर रही है। सनातन धर्म संस्था द्वारा इन शिविरों के माध्यम से समाज को चरित्रवान व पुरूषार्थी नागरिक प्राप्त होते हैं। 290 प्रतिभागियों के इस शिविर को सम्बोधित करते हुए उन्होंने बताया कि कलम उनकी जय बोलती है जो किसी न किसी पावन उद्देश्य के लिए जीते हैं। आज के समय आत्मरक्षा, राष्ट्र रक्षा एवं धर्म व राष्ट्र के विषय मे ज्ञान होना बहुत ही आवश्यक है। प्रशिक्षक विनय पँवार ने बच्चों को सर्वांग सुन्दर व्यायाम, सूर्य नमस्कार, भूमि नमस्कार आदि का प्रशिक्षण देते हुए कहा कि वीर बालक एवं बालिका अपने सेवा व संस्कार से देश को उन्नति की ओर ले जाता है। सहायक प्रशिक्षक राहुल, अंश, मान्यता व श्री त्रिपाठी ने बच्चों को प्रशिक्षण में सहयोग किया। राजेश मिश्र ने बौद्धिक सत्र में कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से बच्चों के भीतर स्वावलंबन की भावना का विकास होता है। जिससे अध्ययन में भी उनकी रुचि बढ़ती है। उन्होंने हांडी रानी, जीजाबाई, वीर शिवाजी, राणा सांगा, महाराणा प्रताप के जीवन चरित्र से बच्चों को अवगत कराया। प्रधानाचार्या एंजलीना ने उत्तम चरित्र में इस शिविर का महत्व और उत्तम राष्ट्र के निर्माण में युवाओं की भूमिका विषय पर बच्चों से संवाद स्थापित किया। पांचवे दिन शारीरिक शिविर में सर्वांगसुन्दर व्यायाम, जुडो कराटे, सूर्य नमस्कार, भूमि नमस्कार, मनोरंजक खेल, निशानेबाजी आदि का प्रशिक्षण दिया गया। शिविर में बच्चों के जलपान, भोजन, फल आदि की व्यवस्था संस्था द्वारा की गई। इस कार्यक्रम को सफल बनाने में अनुराग शुक्ल, इकबाल सिंह, वंदना मिश्रा, सविता मिश्रा, साजिया, शहाला, अनीशा श्रीवास्तव, प्रीती शुक्ला, आरती कौशल, अर्चना श्रीवास्तव, सृष्टि श्रीवास्तव, प्रियंका चौधरी, रंजना यादव, अलका सिंह, नेहा जायसवाल, स्वाती, रीना, पल्लवी, शिफा, सहीम, लीला सिंह, आनंद आर्य, राज बहादुर, मीना शुक्ला, विक्रम यादव, प्रिया श्रीवास्तव, उषा श्रीवास्तव, सौरभ श्रीवास्तव आदि शिक्षक शिक्षिकाओं का बहुमूल्य सहयोग रहा।




