योगी सरकार के नेतृत्व में चिल्लूपार में विकास की बयार, वर्तमान विधायक राजेश त्रिपाठी, 4000 करोड़ की योजनाओं से बदला परिदृश्य
वर्तमान विधायक राजेश त्रिपाठी जी द्वारा प्रेस वार्ता,भाजपा की योगी सरकार के सेवा सुरक्षा सुशासन से सुसज्जित

गोरखपुर/चिल्लूपार। उत्तर प्रदेश कभी बदहाल सड़कों, बुनियादी सुविधाओं की कमी और सरकारी योजनाओं के सही क्रियान्वयन से वंचित रहा चिल्लूपार अब नए युग की ओर बढ़ रहा है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में 2017 के बाद से चिल्लूपार में विकास की एक नई इबारत लिखी जा रही है। पिछले तीन वर्षों में इस क्षेत्र को 4000 करोड़ रुपये से अधिक की योजनाओं का लाभ मिला है, जिससे हर वर्ग को सीधा फायदा हुआ है। 2014 में केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री आवास योजना, उज्ज्वला गैस योजना, स्वच्छ भारत मिशन, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि जैसी कई लोक-कल्याणकारी योजनाएं शुरू कीं, लेकिन 2017 तक उत्तर प्रदेश में सत्तारूढ़ अखिलेश यादव की समाजवादी पार्टी की सरकार ने इन योजनाओं को प्रभावी तरीके से लागू नहीं होने दिया। परिणामस्वरूप, चिल्लूपार जैसे क्षेत्र विकास से कोसों दूर रहे। लेकिन 2017 में जब प्रदेश में भाजपा सरकार आई, तो मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने न सिर्फ केंद्र की सभी योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू किया, बल्कि प्रदेश स्तर पर भी कई नई योजनाओं की शुरुआत की। आज चिल्लूपार में सड़क, बिजली, पानी, शिक्षा, स्वास्थ्य और उद्योग जैसे हर क्षेत्र में ऐतिहासिक बदलाव देखने को मिल रहे हैं। योगी सरकार ने चिल्लूपार में शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं को प्राथमिकता दी है। 125 करोड़ रुपये की लागत से शहीद राजा हरिप्रसाद मल्ल राजकीय होम्योपैथिक मेडिकल कॉलेज का निर्माण पूरा हो चुका है और अब यहां पढ़ाई भी शुरू हो चुकी है। यह पहली बार हुआ है कि 125 छात्र चिल्लूपार से डॉक्टर बनकर निकले हैंतकनीकी शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए 5 करोड़ रुपये की लागत से पकड़ी न्याय पंचायत में आईटीआई कॉलेज बनकर तैयार हो चुका है। इसके अलावा,12 करोड़ रुपये की लागत से गोला, बड़हलगंज और उरुवा में कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों का निर्माण किया जा रहा है, जिससे बेटियों की शिक्षा को मजबूती मिलेगी। स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए बड़हलगंज और गोला में ऑक्सीजन प्लांट स्थापित किए गए हैं। इसके अलावा, टाटा कंपनी के सहयोग से बच्चों के लिए आईसीयू केयर सेंटर भी स्थापित किया गया है, जिससे गंभीर बीमारियों से ग्रस्त बच्चों का इलाज स्थानीय स्तर पर हो सके।
कृषि और ग्रामीण विकास में ऐतिहासिक निवेश
किसानों के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत 78,000 किसानों के खातों में अब तक 280 करोड़ रुपये भेजे जा चुके हैं। सिंचाई व्यवस्था को मजबूत करने के लिए 29 करोड़ रुपये की लागत से गोला बारानगर पंप कैनाल का नवीनीकरण किया जा रहा है। आवास योजनाओं के तहत 20,000 प्रधानमंत्री आवास और 1000 मुख्यमंत्री आवास 325 करोड़ रुपये की लागत से बनाए गए हैं, जिससे गरीब और बेघर लोगों को स्थायी निवास मिल सका है।
उद्योग और रोजगार सृजन में नई पहल
चिल्लूपार में औद्योगीकरण को बढ़ावा देने के लिए 1200 करोड़ रुपये की लागत से एथेनॉल उद्योग स्थापित किया जा रहा है। इसके पहले चरण में 400 करोड़ रुपये की लागत से सीबीजी (ब्वउचतमेेमक ठपवहंे) उद्योग स्थापित हो चुका है, जिससे रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। इसके अलावा, गोला और बड़हलगंज में नए औद्योगिक क्षेत्रों का विकास किया जा रहा है, जिससे स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे और पलायन पर भी रोक लगेगी।
नगर पंचायतों और शहरी विकास को नया आयाम
योगी सरकार ने चिल्लूपार के शहरी विकास को भी गति दी है। गोला और बड़हलगंज के आसपास के गांवों को जोड़कर नगर पंचायतों का विस्तार किया गया, और उरुवा बाजार को एक नई नगर पंचायत के रूप में विकसित किया गया। इन तीनों नगर पंचायतों के विकास के लिए 150 करोड़ रुपये मात्र 3 वर्षों में ही आवंटित किए गए हैं। इससे साफ-सफाई, जल निकासी, स्ट्रीट लाइट, सड़कों और अन्य बुनियादी सुविधाओं में सुधार हुआ है। निष्कर्ष चिल्लूपार का सुनहरा भविष्य योगी सरकार के नेतृत्व में चिल्लूपार ने पिछले 8 वर्षों में जितना विकास देखा है, उतना पिछले 75 वर्षों में नहीं हुआ था। जहां पहले अपराध और अव्यवस्था का बोलबाला था, वहीं अब शिक्षा, स्वास्थ्य, बुनियादी ढांचे, बिजली, पानी और उद्योग में व्यापक सुधार हो रहा है। प्रदीप यादव पत्रकार बोलते हैं अगर यही गति बनी रही तो आने वाले वर्षों में चिल्लूपार उत्तर प्रदेश के सबसे विकसित क्षेत्रों में से एक बन जाएगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की नीतियों और सरकार की योजनाओं ने चिल्लूपार को विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने का कार्य किया है। चिल्लूपार के नागरिक अब गर्व से कह सकते हैं कि उनका क्षेत्र भी विकास की मुख्यधारा में शामिल हो चुका है और भविष्य में इसे एक आदर्श विधानसभा क्षेत्र के रूप में पहचाना जाएगा।




