**तेजवापुर में ‘सेवा, सुशासन और सम्मान’ का संदेश देगा तीन दिवसीय जनकल्याण अभियान; आज से होगा भव्य आगाज**

**बहराइच। केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने के ऐतिहासिक अवसर पर विकास खंड तेजवापुर में रविवार (14 जून) से तीन दिवसीय समेकित जनकल्याण एवं जन-जागरूकता अभियान का भव्य शुभारंभ होने जा रहा है। 14 से 16 जून तक चलने वाले इस विशेष अभियान का मुख्य उद्देश्य सरकार की नीतियों को अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचाना और उन्हें सीधे लाभान्वित करना है।
**आवास लाभार्थियों को सौंपी जाएंगी चाबियां**
खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) प्रतीक ने कार्यक्रम की रूपरेखा साझा करते हुए बताया कि इस अभियान का आयोजन ‘सेवा, सुशासन, संस्कार एवं सम्मान’ की मूल भावना के साथ किया जा रहा है।
* कार्यक्रम के दौरान **प्रधानमंत्री आवास योजना** एवं **मुख्यमंत्री आवास योजना** के पात्र लाभार्थियों को उनके सपनों के घर की चाबियां और स्वीकृति प्रमाण पत्र सौंपे जाएंगे।
* इसके साथ ही, विभिन्न सरकारी योजनाओं से अपने जीवन को बदलने वाले प्रगतिशील लाभार्थियों की सफलता की कहानियां (सक्सेस स्टोरीज) भी मंच से साझा की जाएंगी, ताकि अन्य लोग भी प्रेरित हो सकें।
**एक ही छत के नीचे लगेंगे दर्जनों विभागों के स्टॉल**
आमजन की सुविधा और मौके पर ही समस्याओं के निस्तारण के लिए अभियान स्थल पर एक विशाल प्रदर्शनी और सहायता शिविर का आयोजन किया जा रहा है। इसमें विभिन्न विभागों द्वारा अपने-अपने स्टॉल लगाए जाएंगे, जिनमें शामिल हैं:
* कृषि, ग्राम्य विकास और सहकारिता विभाग
* चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, पशुपालन और बाल विकास पुष्टाहार
* शिक्षा, विद्युत, खाद्य एवं रसद (राशन)
* बैंकिंग सेवाएं एवं पहचान पत्र/पंजीकरण (जैसे आधार पंजीकरण आदि) हेल्पडेस्क
इन स्टॉलों पर मौजूद विशेषज्ञ न केवल ग्रामीणों को योजनाओं की बारीकियों से अवगत कराएंगे, बल्कि मौके पर ही नए पंजीकरण और आवश्यक सेवाएं भी उपलब्ध कराएंगे।
**सामूहिक विवाह पंजीकरण और ग्राम प्रधानों का होगा सम्मान**
इस तीन दिवसीय मेले में समाज कल्याण विभाग की ओर से **मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना** के लिए पात्र जोड़ों का ऑन-द-स्पॉट पंजीकरण और सत्यापन कार्य किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, ग्रामीण विकास में उत्कृष्ट योगदान देने वाले तेजवापुर और महसी विकासखंड के ग्राम प्रधानों को ‘प्रशासक प्रशस्ति पत्र’ देकर सम्मानित किया जाएगा।
“इस अभियान का मुख्य उद्देश्य शासन की सभी कल्याणकारी योजनाओं को पारदर्शी तरीके से हर पात्र व्यक्ति तक पहुंचाना है। इस कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधियों, उच्च अधिकारियों, स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं और भारी संख्या में ग्रामीणों की भागीदारी रहेगी।” — **प्रतीक, खंड विकास अधिकारी (तेजवापुर)**




