ग्राम प्रधान ने कजरी तीज पर मजदूर लगाकर कराया साफ-सफाई

कैसरगंज/बहराइच। विकास खण्ड के बरखुरद्वारापुर गांव में शिवमन्दिर व हनुमान मंदिर में कजरी तीज के पर्व पर आज रात १२रू००बजे बाद से ही श्रद्धालुओं के आने और जलाभिषेक करने का सिलसिला लगातार जारी रहा जो कि मंगलवार मध्य रात्रि १०रूवव बजे तक बड़े ही धूमधाम एवं भोले शंकर के जयकारों से परिपूर्ण रहा कार्यक्रम में मंदिर कमेटी की ओर से भंडारा भी आयोजित कर भंडारे के प्रसाद में छोला एवं चावल एवं जल का प्रसाद ग्रहण कर भक्त मगन हो गये। कार्यक्रम के आयोजनकर्ता मन्दिर कमेटी कालिका प्रसाद वर्मा,राम फल वर्मा,राम शरण वर्मा,बाबू राम,बेचे लाल वर्मा, सुखराम वर्मा, सहित अन्य ग्रामीणों ने बताया कि यह भण्डारा सार्वजनिक तौर पर ग्रामवासियों के सहयोग से हो रहा है। और हम सब के संरक्षक/प्रबंधक सुनील कुमार पोरवाल के शीर्ष नेतृत्व एवं जनसहयोग से इस प्रकार के आयोजन होते रहते हैं। समाचार के संकलन के दौरान मन्दिर मोहल्ले में झाड़ झखाड एवं नालियों की सफाई का कार्य प्रगति पर मिला सफाई करने वाले युवक ने खुद का नाम घुलन पुत्र स्वरू राम नरेश कसेहरी खुर्द का रहने वाला बताते हुए कहा कि हम कोई सफाई कर्मचारी थोड़े है मैं तो ग्राम प्रधान नियाज़ अहमद के कहने के मुताबिक मजदूरी पर आया हूं। गांव पंचायत के विकास एवं गतिविधियों के लेकर जनता में प्रशन उठे रहे हैं कि क्या वास्तव में गांव पंचायत स्तर पर सफाई तक की व्यवस्था नहीं है जिससे जन्माष्टमी एवं कजरी तीज जैसे महत्वपूर्ण पर्वों पर मन्दिर गली को बेहतर बनाया जाता तो और भी सुंदर होता। विकास की बात करें तो कहीं जाने वाली कहावत उपरोक्त गांव पंचायत पर सटीक बैठती है जनता को जर्जर सड़कें तबहिन तो गांव के मुखिया के घर मा मारवल से चमकी। उपरोक्त सफाई के क्रम में मीडियाकर्मियों ने ग्राम प्रधान के दूरभाष नम्बर पर उन्होंने कहा कि मीडिया प्रतिनिधियों के सहयोग से मुझे २०२१ में मेरे गांव के विकास के लिए एक सफाई कर्मचारी की नियुक्ति हुई थी जिसके कुछ समय बाद उसे किन्हीं हटा दिया गया लेकिन ग्राम पंचायत को पुनः एक सफाई कर्मी अभी हाल ही में नियुक्त किया गया है हालांकि अभी आज के दिन यह मंदिर मोहल्ले की नालियों की साफ-सफाई का कार्य व्यक्तिगत रूप से मैं ग्रामीणों की समस्याओं को देखते हुए मजदूरी पर लगाकर करवा रहा हूं।
मामले के संबंध में वीडियो सचिन भारती ने कहा कि जैसा कि जानकारी मिल रही है कि वहां पर मंदिर परिसर का वातावरण दुर्गधपूर्ण है इस मामले को गंभीरता पूर्वक लेकर तुरंत दिखया जा रहा है।



