आजाद अधिकार सेना ने राज्यपाल के नाम से प्रशासनिक अधिकारी को सौंपा प्रत्यावेदन

सिद्धार्थनगर। आजाद अधिकार सेना ने सोमवार को जोनल अध्यक्ष जितेन्द्र कुमार पाण्डेय के नेतृत्व में प्रशासनिक अधिकारी रविन्द्र श्रीवास्तव को जिला मुख्यालय पर एकत्र होकर उत्तर प्रदेश में दुधारू पशुओं, गायों और छुट्टा पशुओं की विभिन्न समस्याओं के सम्बन्ध में प्रदर्शन करते हुए उत्तर प्रदेश की राज्यपाल के नाम प्रत्यावेदन सौंपा। प्रत्यावेदन में कहा गया कि उत्तर प्रदेश वर्तमान में छुट्टा पशुओं और गोरक्षा से जुड़े तमाम गम्भीर समस्याओं से जूझ रहा है। इसका प्रमुख कारण उत्तर प्रदेश सरकार की अव्यवहारिक और मनमानी गोरक्षा और पशु नीति है। इसके कारण प्रदेश में छुट्टा पशुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है, जो मनवाने ढंग से खेत चर रहे हैं। साथ ही विभिन्न स्थानों पर मनुष्यों और छुट्टा पशुओं में संघर्ष की स्थिति भी बन रही है। पहले जहां किसान अपनी आवश्यकता के अनुसार पशुधन के खरीद बिक्री का काम करता था, अब वह भी बिल्कुल रुक गया है। इस कारण उन्हें आर्थिक संकट का सामना भी करना पड़ता है। इसी प्रकार से अब गोवंश रक्षा के नाम पर तमाम ऐसे संगठन आ गये हैं, जो भ्रष्टाचार में लिप्त हैं। आजाद अधिकार सेना ने इसके मद्देनजर राज्य सरकार से छुट्टा पशुओं की समस्याओं पर जनता से फीडबैक प्राप्त कर एक व्यवहारिक नीति बनाये जाने की मांग की है। साथ ही प्रदेश में गौरक्षा के नाम पर मनमानेपन और भ्रष्टाचार में सम्मिलित लोगों और संगठनों को चिन्हित कर उनके खिलाफ विधिक कार्रवाई की मांग की गई है। इसके अलावा आजाद अधिकार सेना ने राज्य स्तर पर एक रिटायर्ड हाई कोर्ट जज के अध्यक्षता में उच्चस्तरीय गौशाला जांच समिति बनाकर पूरे प्रदेश से फीडबैक प्राप्त कर गौशालाओं में चल रहे हैं भ्रष्टाचार के सम्बन्ध में कार्यवाही कराये जाने की मांग भी की है। इस दौरान जिलाध्यक्ष उपेन्द्र चतुर्वेदी, जिला सचिव सनाउल्लाह समानी, राहुल गौतम, प्रदीप प्रजापति, मोहम्मद सफीक आदि उपस्थित रहें।




