राज्य महिला आयोग, चारू चौधरी नें किया जन सुनवाई कार्यक्रम

सिद्धार्थनगर। उपाध्यक्ष, उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग, चारू चौधरी की अध्यक्षता में महिला जन सुनवाई कार्यक्रम एवं जनपद स्तरीय समीक्षा बैठक विकास भवन सभागार में सम्पन्न हुई। महिला जनसुनवाई के दौरान उपाध्यक्ष, उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग, चारू चौधरी के समक्ष राजस्व, पुलिस, पंचायती राज और पूर्ति विभाग से सम्बन्धित 07 प्रार्थना पत्र एवं महिला उत्पीड़न के 03 प्रर्थना-पत्र कुल 10 प्रार्थना-पत्र प्रस्तुत हुए। उपाध्यक्ष, उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग, श्रीमती चारू चौधरी ने सम्बंधित अधिकारी को आवश्यक कार्यवाही कर प्रकरणों का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण कराने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि किसी के साथ भेदभाव न किया जाये समस्याओं का त्वरित निस्तारण करायें। निस्तारण के उपरान्त निस्तारण रिपोर्ट उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। महिला उत्पीड़न के प्रकरण में दोनो पक्षों को बुलाकर आवश्यक कार्यवाही करने का निर्देश दिया। मा० उपाध्यक्ष, उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग, श्रीमती चारू चौधरी ने निर्देश दिया कि समय से प्रकरणों के निस्तारण रिपोर्ट उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। इस अवसर पर क्षेत्राधिकारी शोहरतगढ़ सुजीत राय, सिंह, जिला प्रोबेशन अधिकारी विनय कुमार, महिला थानाध्यक्ष मीरा चौहान., व अन्य सम्बन्धित अधिकारीगण उपस्थित थे। इसके पश्चात उपाध्यक्ष, उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग, चारू चौधरी द्वारा बस स्टेशन सिद्धार्थनगर का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान 16 कर्मचारियों में से 06 उपस्थित पाये गये। आर0ओ0 बन्द मिला। नाली में गन्दगी पायी गयी। एआरएम रेाडवेज को निर्देश दिया कि 02 दिन के अन्दर साफ-सफाई व्यवस्था व वाटर कूलर ठीक कराकर जीपीएस सहित फोटो उपलब्ध करायें। इसके पश्चात उपाध्यक्ष, उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग, श्रीमती चारू चौधरी द्वारा व्यापार मण्डल के साथ बैठक कर व्यापारियों की समस्याओं को सुना गया। व्यापारियों द्वारा नगर पालिका क्षेत्र में लगे वाटर कूलर की स्थिति खराब है उसे ठीक कराये जाने की मांग की गयी। अधिशासी अधिकारी न0पा0पा0सिद्धार्थनगर को निर्देश दिया कि वाटर कूलर सही कराये। इसके पश्चात उपाध्यक्ष, उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग, चारू चौधरी द्वारा ग्राम पंचायत पटनी जंगल में चौपाल आयोजित किया गया। चौपाल कार्यक्रम में उपाध्यक्ष ने उपस्थित अधिकारियों को निर्देश दिया कि भारत सरकार/प्रदेश सरकार द्वारा चलायी जा रही योजनाओ का लाभ पात्र लाभार्थियों को दिलाये। अन्तिम व्यक्ति को योजनाओ का लाभ मिलना चाहिए कोई भी पात्र लाभार्थी लाभ से वंचित न रहे।




