जल जीवन मिशन को लेकर जिलाधिकारी ने की बैठक दिया सख्त निर्देश

सिद्धार्थनगर। जिलाधिकारी डा0 राजागणपति आर0 की अध्यक्षता में जल जीवन मिशन के कार्यों की प्रगति की समीक्षा बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में सम्पन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिलाधिकारी डा0 राजागणपति आर0 ने बैठक में उपस्थित जल निगम कार्यालय के अधिकारियों व जल जीवन मिशन के कार्यदायी संस्थावार प्रगति की जानकारी प्राप्त की गयी। जिलाधिकारी द्वारा निर्माण कार्य में धीमी प्रगति पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की गयी। जिलाधिकारी द्वारा जनपद में कार्यदायी संस्था मेघा, जैक्शन तथा बीएसई इन्फ्रा को मैनपावर बढ़ाकर शीघ्र निर्माण कार्य में प्रगति लाकर गुणवत्तापूर्ण कराने का निर्देश दिया साथ ही साथ सभी घरों में कनेक्शन पहुचाने का निर्देश दिया। जिलाधिकारी ने कहा कि जल जीवन मिशन, हर घर जल योजना जो जनता को पीने हेतु स्वच्छ जल अत्यन्त ही महत्वपूर्ण है। गुणवत्ता में किसी भी प्रकार की कमी नही होनी चाहिए जो कार्य ग्रामो में एजेंसियो द्वारा कराया जा रहा है प्रायः मेरे भ्रमण के दौरन गांवो में शिकायत मिली है कि पाइप जमीन में डालते समय गड्ढे खोदकर छोड़ दिये गये है और इंटरलांकिग संड़को को भी खोद दिया गया है इसे मानक के अनुरूप ठीक कराने का निर्देश दिया। जिलाधिकारी डा0 राजागणपति आर0 ने सभी कार्यदायी संस्थाओ के प्रोजेक्ट मैनेजरो को निर्देश दिया कि अपने-अपने लक्ष्य के सापेक्ष कार्य में प्रगति लाकर लक्ष्य पूर्ण करें। यह सरकार की प्राथमिकता की योजना है। शासनादेश के अनुसार जल जीवन मिशन योजना में हर घर जल का कनेक्शन शत-प्रतिशत पूर्ण होने एवं ग्राम पंचायत कमेटी द्वारा सभी कार्य पूर्ण होने के पश्चात ही हैण्डओवर किया जायेगा। संबधित एजेंसी द्वारा जितने प्रोजेक्टो का कार्य जनपद में कर रही है उस कार्य के पूर्ण होने के उपरान्त 10 वर्षाे तक देखरेख एवं संचालन एजेंसी द्वारा किया जायेगा। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि जहां निर्माण कार्य पूर्ण हो गया है वहां पानी की सप्लाई सुनिश्चित करायें इस बैठक में उपरोक्त के अतिरिक्त परियोजना निदेशक नागेन्द्र मोहन राम त्रिपाठी, अधिशासी अभियन्ता जल निगम, कार्यदायी संस्थाओं के प्रोजेक्ट मैनेजर तथा अन्य संबधित कर्मचारी उपस्थित थे।




