बैटरी रिक्शा योजना का इंतजार दिव्यांग की जिंदगी बनी संघर्ष, भीख मांगकर गुजारा करने की मजबूरी

दैनिक बुुद्ध का संदेश
नवाबगंज (बहराइच)। सरकार दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए बैटरी चालित रिक्शा समेत कई कल्याणकारी योजनाएं संचालित कर रही है, लेकिन इन योजनाओं का लाभ हर पात्र व्यक्ति तक नहीं पहुंच पा रहा है। विकास खंड नवाबगंज की ग्राम पंचायत नौबस्ता जमुनहा में एक दिव्यांग व्यक्ति आज भी सहायता के अभाव में भीख मांगकर जीवनयापन करने को मजबूर है। मिली जानकारी अनुसार गांव निवासी पागुंलिया पुत्र शमशुल ने बैटरी चालित रिक्शा योजना का लाभ पाने के लिए कई बार बाबागंज ब्लॉक मुख्यालय के चक्कर लगाए, लेकिन अब तक उन्हें योजना का लाभ नहीं मिला। दिव्यांगता और आर्थिक तंगी के चलते रोजगार का कोई साधन नहीं है, जिससे रोजमर्रा का जीवन चलाना बेहद कठिन है। वहीं ग्रामीणों का कहना है कि गांव में कई ऐसे दिव्यांग हैं जो सरकारी योजनाओं के पात्र होने के बावजूद लाभ से वंचित हैं। उनका आरोप है कि यदि समय-समय पर सही सर्वे और पारदर्शी चयन प्रक्रिया अपनाई वीजाए तो जरूरतमंद लोगों को योजनाओं का लाभ मिल सकेगा और वे सम्मानपूर्वक जीवनयापन कर पाएंगे। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि ग्राम पंचायत में विशेष अभियान चलाकर पात्र दिव्यांगों का सर्वे कराया जाए तथा बैटरी चालित रिक्शा सहित अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ शीघ्र उपलब्ध कराया जाए।


